रायबरेली में सूखी पड़ी 9 किमी लंबी माइनर:धान की पौध सूखने से किसानों का प्रदर्शन, सिंचाई विभाग को दी आंदोलन की चेतावनी


रायबरेली के हरचंदपुर थाना क्षेत्र में कठवारा-गुल्लुपुर माइनर में पानी न आने से किसानों के सामने सिंचाई का गंभीर संकट खड़ा हो गया है। धान की पौध सूखने लगी है, जिससे नाराज किसानों ने सिंचाई विभाग के खिलाफ प्रदर्शन कर जल्द पानी छोड़ने की मांग की। किसानों ने चेतावनी दी कि समस्या का समाधान नहीं हुआ तो बड़ा आंदोलन किया जाएगा। हरचंदपुर विकास खंड की करीब 9 किलोमीटर लंबी कठवारा-गुल्लुपुर माइनर पूरी तरह सूखी पड़ी है। किसानों का कहना है कि नहर में सिल्ट और घास-फूस जमा होने से पानी का प्रवाह बाधित हो गया है। इसका सबसे अधिक असर धान की खेती पर पड़ रहा है, जहां खेतों में तैयार पौध पानी के अभाव में सूखने लगी है। इससे किसानों को आर्थिक नुकसान उठाना पड़ रहा है। कई बार शिकायत के बाद भी नहीं हुई कार्रवाई किसान यूनियन (टिकैत) के पदाधिकारियों ने आरोप लगाया कि सिंचाई विभाग से कई बार शिकायत करने के बावजूद कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई। उनका कहना है कि अधिकारी सफाई के लिए सरकारी प्रावधान न होने का हवाला देकर अपनी जिम्मेदारी से बच रहे हैं। किसानों राम कुमार सिंह, श्रीराम यादव और प्रकाश कुमार ने बताया कि इस संबंध में जिलाधिकारी, सिंचाई विभाग और मुख्यमंत्री के आईजीआरएस पोर्टल पर भी शिकायत दर्ज कराई जा चुकी है, लेकिन अब तक समस्या का स्थायी समाधान नहीं हुआ। उनका कहना है कि धान और गेहूं की सिंचाई के समय इस माइनर में कभी समय पर पानी नहीं मिलता। किसानों ने दी बड़े आंदोलन की चेतावनी प्रदर्शन के दौरान किसानों ने सिंचाई विभाग को चेतावनी देते हुए कहा कि यदि जल्द नहर की सफाई कर पानी नहीं छोड़ा गया तो किसान यूनियन नहर पाटने के साथ बड़े स्तर पर आंदोलन करने को मजबूर होगी। किसानों ने विभाग से तत्काल प्रभावी कार्रवाई की मांग की। एक्सईएन का आश्वासन- कल से शुरू होगी सफाई मामले के तूल पकड़ने के बाद सिंचाई विभाग के अधिशासी अभियंता (एक्सईएन) सुशील कुमार यादव ने किसानों को आश्वासन दिया है। उन्होंने कहा कि मंगलवार से मशीन लगाकर नहर की सफाई शुरू कराई जाएगी। सफाई पूरी होने के बाद माइनर में पानी छोड़ा जाएगा, ताकि किसानों को सिंचाई के लिए पर्याप्त पानी मिल सके।

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