मऊ में हत्या के प्रयास मामले में छह दोषी करार:कोर्ट ने 2014 की घटना में 10 साल की सजा सुनाई


मऊ जिले में हत्या के प्रयास के एक मामले में शनिवार को कोर्ट ने छह आरोपियों को दोषी करार दिया। अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश फास्ट ट्रैक कोर्ट दीप नारायण तिवारी ने सभी दोषी अभियुक्तों को 10 वर्ष का सश्रम कारावास और अर्थदंड की सजा सुनाई। यह मामला बारह वर्ष पूर्व 12 दिसंबर 2014 को मधुबन थाना क्षेत्र अंतर्गत हुआ था। मधुबन थाने में दर्ज मुकदमे के अनुसार, आरोपियों ने बांस लगाकर एक घर में प्रवेश किया था। उन पर घर की बेटी के साथ छेड़खानी, दुराचार और हत्या के प्रयास की नीयत से हमला करने तथा धमकी देने का आरोप था। अभियोजन पक्ष ने सहायक जिला शासकीय अधिवक्ता राजेश कुमार पाण्डेय के माध्यम से कुल 12 गवाहों को न्यायालय में परीक्षित कराकर अभियोजन कथानक को संदेह से परे साबित किया। कोर्ट ने दोनों पक्षों की दलीलें सुनने और मामले की गंभीरता को देखते हुए रिंकू उर्फ विवेकानंद, रेनू शुक्ला, छाया शुक्ला, जगदंबा शुक्ला, सत्यप्रकाश शुक्ला और रजनीश उर्फ पारले सिंह को दोषी ठहराया। न्यायालय ने सभी छह दोषियों को 10 वर्ष के सश्रम कारावास के साथ तेरह-तेरह हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया। यह भी आदेश दिया गया कि अर्थदंड अदा न करने पर उन्हें एक वर्ष का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा। इसके अतिरिक्त, घातक हथियार से हमला करने के मामले में रिंकू उर्फ विवेकानंद, रेनू, छाया, जगदंबा और सत्यप्रकाश को एक वर्ष तथा दो वर्ष के कारावास के साथ एक-एक हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई गई। कोर्ट ने अर्थदंड की कुल धनराशि में से 25 हजार रुपये फरियादी और उसकी पत्नी को अदा करने का भी आदेश दिया। इसी मामले में फरार चल रहे आरोपी चंद्रप्रकाश उर्फ गुड्डू के खिलाफ कोर्ट ने गिरफ्तारी वारंट जारी करने का आदेश दिया है।

Source link

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *