जितेन्द्र कुमार | चित्रकूट2 मिनट पहले
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चित्रकूट के सीतापुर क्षेत्र में एक जिला, एक उत्पाद (ODOP) योजना के तहत करीब 1.5 करोड़ रुपये की लागत से निर्मित कॉमन फैसिलिटी सेंटर (CFC) जल्द ही शुरू किया जाएगा। बुधवार को मुख्य विकास अधिकारी (CDO) डीपी पाल ने केंद्र का निरीक्षण कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया और अधूरे कार्यों को प्राथमिकता के आधार पर पूरा करने के निर्देश दिए।
CDO ने प्लांट और मशीनरी का लिया जायजा
निरीक्षण के दौरान सीडीओ ने प्लांट, मशीनरी और अब तक हुए कार्यों की जानकारी ली। उन्होंने केंद्र में स्थापित मशीनों की स्थिति देखी और उनके संचालन की तैयारियों के बारे में अधिकारियों से जानकारी ली।
सीडीओ ने उपायुक्त उद्योग को निर्देश दिए कि जिन मशीनों की स्थापना अभी बाकी है, उन्हें जल्द मंगवाकर स्थापित कराया जाए, ताकि केंद्र का संचालन शुरू करने में देरी न हो।
बिजली कनेक्शन और सड़क का काम जल्द पूरा करने के निर्देश
सीडीओ ने केंद्र में विद्युत कनेक्शन की प्रक्रिया भी जल्द पूरी कराने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि बिजली की व्यवस्था समय से पूरी हो, ताकि मशीनों के संचालन में किसी तरह की बाधा न आए।
इसके अलावा केंद्र तक पहुंचने वाले संपर्क मार्ग की स्थिति का भी निरीक्षण किया। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को सीएफसी तक पक्की सड़क का निर्माण कराने के निर्देश दिए।
बोले- मूलभूत सुविधाओं में नहीं होनी चाहिए कमी
सीडीओ ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि केंद्र के सुचारु संचालन के लिए सड़क और बिजली जैसी मूलभूत सुविधाओं की कमी नहीं होनी चाहिए। सभी लंबित कार्यों को समयबद्ध तरीके से पूरा कराया जाए, ताकि केंद्र को जल्द क्रियाशील किया जा सके।
स्थानीय कारीगरों और उद्यमियों को मिलेगा फायदा
सीडीओ ने बताया कि कॉमन फैसिलिटी सेंटर का मुख्य उद्देश्य ओडीओपी से जुड़े स्थानीय उद्यमियों और कारीगरों को आधुनिक सुविधाएं उपलब्ध कराना है। केंद्र शुरू होने के बाद कारीगरों और उद्यमियों को मशीनरी और अन्य संसाधनों के लिए अलग से बड़ी रकम खर्च नहीं करनी पड़ेगी।
इससे स्थानीय स्तर पर उत्पादों की गुणवत्ता और उत्पादन क्षमता बढ़ाने में मदद मिलेगी। साथ ही कारीगरों को आधुनिक तकनीक और संसाधनों का लाभ मिल सकेगा।
जल्द शुरू होगा केंद्र का संचालन
जिलाधिकारी पुलकित गर्ग के निर्देश पर हुए निरीक्षण के बाद सीडीओ ने अधिकारियों को सभी जरूरी तैयारियां जल्द पूरी करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि केंद्र को शीघ्र क्रियाशील किया जाए, ताकि जिले के ओडीओपी उद्यमियों और कारीगरों को इसका लाभ मिल सके।
