NIT Kurukshetra Student Suicide | Last Message Deleted; Father Denies

नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी (NIT) कुरुक्षेत्र में हॉस्टल की छत पर चढ़ी छात्रा को रोकते स्टूडेंट।

हरियाणा की नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी (NIT) कुरुक्षेत्र एक बार फिर चर्चा में आ गया है। यहां दो दिन पहले सामने आया बीटेक स्टूडेंट दीक्षा दूबे (19) के सुसाइड का मामला अभी सुलझा भी नहीं था कि शुक्रवार की देर रात एक और छात्रा ने सुसाइड की कोशिश की।

.

स्टूडेंट्स के मुताबिक, यह छात्रा एनआईटी में साइंस स्ट्रीम से बीटेक कर रही है। वह देर रात हॉस्टल की 5वीं मंजिल पर गई और वहां से छलांग लगाने की कोशिश की। मगर, ऐन वक्त पर कुछ स्टूडेंट वहां पहुंच गए और छात्रा को बचा लिया। घटना के बाद NIT में हड़कंप मच गया।

NIT प्रशासन और पुलिस मौके पर पहुंची और छात्रा को समझाबुझा कर शांत किया और नजदीक के अस्पताल में भर्ती करवाया। इसका एक वीडियो भी सामने आया है, जिसमें स्टूडेंट छात्रा को रोकने का प्रयास कर रहे है।

उधर, यह केस सामने आने के बाद कॉलेज प्रशासन ने सभी स्टूडेंट को 19 अप्रैल यानि कल तक हॉस्टल पूरी तरह खाली करने का आदेश जारी कर दिया है। वहीं, इन घटनाओं के विरोध में युवा कांग्रेस कुरुक्षेत्र की ओर से आज शाम 6:30 बजे कैंडल मार्च निकालने की घोषणा की गई है।

सुसाइड की कोशिश से पहले छात्रा ने व्हाट्सएप ग्रुप में लिखा- मेरी जिंदगी को कोई मकसद नहीं है, ये गाइज मैं सुसाइड ही कर लेती हूं।

सुसाइड की कोशिश से पहले छात्रा ने व्हाट्सएप ग्रुप में लिखा- मेरी जिंदगी को कोई मकसद नहीं है, ये गाइज मैं सुसाइड ही कर लेती हूं।

कैसे किया छात्रा ने सुसाइड की कोशिश, 3 पॉइंट में जानिए…

  • महाराष्ट्र की रहने वाली, फर्स्ट इयर की स्टूडेंट : पुलिस के मुताबिक, छात्रा मूल रूप से वह महाराष्ट्र के भौसरे की रहने वाली है। वह NIT में कंप्यूटर साइंस स्ट्रीम बीटेक की फर्स्ट ईयर में पढ़ रही है। वर्तमान में वह भाग्यरथी गर्ल हॉस्टल के सी ब्लॉक में रहती है।
  • हॉस्टल की 5वीं मंजिल से कूदने का प्रयास : पुलिस के मुताबिक, शुक्रवार देर रात करीब 11:30 बजे छात्रा ने सुसाइड की कोशिश की। वह कल्पना चावला हॉस्टल की 5वीं मंजिल पर गई और वहां से कूदने चाहा, लेकिन उसे साथ वाले स्टूडेंट्स ने पकड़ लिया और बचा लिया। इसके बाद पुलिस और कॉलेज प्रशासन को सूचना दी गई।
  • NIT में हड़कंप मचा, पुलिस पहुंची : घटना के बाद NIT में हड़कंप मच गया। घटना की सूचना मिलते ही NIT प्रसासन, DSP हेडक्वार्टर, SHO केयूके और चौकी इंचार्ज 3rd गेट ने लड़की को समझाया और उसे करीब अस्पताल में भती करवाया।
  • कॉलेज पीआरओ बोले- छात्रा की मेडिसन चल रही : उधर, इस मामले में NIT के पीआरओ प्रोफेसर ज्ञान भूषण ने बताया कि स्टूडेंट बिल्कुल ठीक है। इस स्टूडेंट की मेडिसन चल रही है। माहौल के कारण स्टूडेंट स्ट्रेस में आ थी उसे समझा दिया गया है।

19 अप्रैल तक हॉस्टल खाली करने के आदेश, मैस भी बंद होगी

उधर, शुक्रवार की घटना के बाद कॉलेज प्रशासन ने सभी स्टूडेंट्स को 19 अप्रैल तक हॉस्टल खाली करने के आदेश जारी कर दिए है। इस संबंध में पीआरओ प्रोफेसर ज्ञान भूषण ने बताया कि सभी स्टूडेंट को 19 अप्रैल तक हॉस्टल खाली करने के आदेश दिए गए है। मैस भी बंद रहेगी। आगे कहा कि जिन स्टूडेंट्स के वायवा होने वाले है, उन्हें एक सप्ताह पहले जानकारी दे दी जाएगी।

शुक्रवार को सुसाइड करने वाली छात्रा ने कहा कि कॉलेज में जो कुछ चल रहा है, उसके खिलाफ आवाज उठानी ही होगी। दो माह में पांच स्टूडेंट ने सुसाइड कर लिया है, यह कोई छोटी बात नहीं है।

शुक्रवार को सुसाइड करने वाली छात्रा ने कहा कि कॉलेज में जो कुछ चल रहा है, उसके खिलाफ आवाज उठानी ही होगी। दो माह में पांच स्टूडेंट ने सुसाइड कर लिया है, यह कोई छोटी बात नहीं है।

सुसाइड की कोशिश करने वाली छात्रा ने कही ये बातें…

  • कुछ सच्चाई बताना चाहती हूं : छात्रा ने कहा कि कुछ सच्चाई बताना चाहती हूं। कुछ खत्म नहीं हुआ। जो बहुत सारी लड़कियों को बताना है, बहुत सारे मीडिया को बताना चाहती हूं, पूरे देश को बताना चाहती हूं। तो बस इतनी से भीड़ की वजह से बता दूं क्या? इस टाइम के बाद अगर कुछ फायदा नहीं हुआ तो आपको कैसा लगेगा। छात्रा आगे कहती है कि आज तक 5-6 बच्चे मरे हैं, क्या हुआ?
  • इंटरनेट ब्लॉक कर दिया तो : छात्रा आगे कहती है कि चलो, बता भी दी मैंने आप में से किसी को भी। ऐसे में यदि पूरा इन्टरनेट ब्लॉक कर दिया या वो विडियो गया ही नहीं मेरी इन सारी चीजों का, जो मैंने कहा है। इसके बाद लड़कियों के बीच में पूरी बात बताने को लेकर डिस्कशन हुआ। फिर छात्रा ने 2 और लड़कियों का नाम लेकर कहा कि मैं सब बताने के लिए तैयार हूं, मुझे लड़कियों का नाम लेते हुए वे दोनों अपनी बगल में चाहिए।
  • किसी को फर्क नहीं पड़ रहा : छात्रा आगे कहती है कि जो बच्चे सुसाइड कर लेते है। उसके बाद उनके परिवार भी रोते हुए रहते है। किसी को फर्क नहीं पड़ रहा किसने सुसाइड किया, कौन मर गया, क्या रीजन था। एक दिन के लिए, दो दिन के लिए, ज्यादा से ज्यादा एक महीने के लिए उस चीज के बारे में बात होती है।
  • सर बोल रहे, कॉलेज से निकल जा : छात्रा कहती है कि कुछ लड़कियां होती हैं, बहुत ज्यादा सेंसिटिव होती हैं। वो रोने लगती है। उस वजह से सर बस बोल रहे है कि तुझे इस कॉलेज से निकाल दूंगा, तुझे डिग्री चाहिए या नहीं? मेरे क्लास में अगर बैठना है तूझे तो आज निकल जा।
दीक्षा दूबे ने 16 मार्च को कमरे में बंद होकर फंदा लगा लिया था। इनसेट में दीक्षा की फाइल फोटो।

दीक्षा दूबे ने 16 मार्च को कमरे में बंद होकर फंदा लगा लिया था। इनसेट में दीक्षा की फाइल फोटो।

अब दीक्षा दूबे केस के बारे में जानिए…

  • सहेली को किया था आखिरी मैसेज : उधर, दो दिन पहले सुसाइड करने वाली छात्रा दीक्षा दूबे केस की जांच अभी भी पुलिस कर रही है। जांच में सामने आया है कि दीक्षा ने अपनी फ्रेंड (सहेली) को आखिरी मैसेज किया। मैसेज करने के बाद दीक्षा ने उसे डिलीट कर दिया। इसके बाद दीक्षा की फ्रेंड उसे कॉल और मैसेज करती रही, लेकिन दीक्षा की तरफ से कोई रिप्लाई नहीं आया।
  • दीक्षा ने कोई रिप्लाई नहीं किया : उसकी फ्रेंड को लगा कि दीक्षा अपने रूम पर आकर सो गई, इसलिए दीक्षा रिप्लाई नहीं दे रही। पुलिस सूत्रों की मानें, तो 16 अप्रैल की सुबह दीक्षा AIDS की लैब अटेंड करने के बाद दोपहर करीब 1 बजे अपनी फ्रेंड के साथ मैस में आई। यहां कुछ देर रुकने के बाद दीक्षा मैस से चली गई और उसकी फ्रेंड अपनी दूसरी सहेली के पास चली गई।
  • मैसेज करके डिलीट किया: दोपहर के बाद दीक्षा दोबारा AIDS लैब में नहीं जाना चाहती थी, इसलिए उसने अपनी फ्रेंड को मैसेज करके लैब जाने से मना कर दिया। दोनों के बीच कुछ चैट हुई। पुलिस सूत्रों के मुताबिक, इसके थोड़ी बाद दीक्षा ने अपनी फ्रेड को एक मैसेज किया। उसकी फ्रेंड ने मैसेज थोड़ा पढ़ा, लेकिन दीक्षा ने उसे डिलीट कर दिया।
  • फिर नहीं हुई कोई बातचीत : शायद उस मैसेज में दीक्षा ने लिखा कि और नहीं हो पा रहा। उस मैसेज के बाद दीक्षा ने अपनी फ्रेंड के साथ कोई बातचीत नहीं की, बल्कि उसकी फ्रेंड ने उसे कॉल भी किया। फिर करीब 3 बजे उसकी फ्रेंड अपनी दूसरी सहेली के साथ दीक्षा से मिलने गई, तो उसके कमरे का दरवाजा अंदर से बंद था। उसने काफी खटखटाने के बाद भी दरवाजा नहीं खुला।
  • फंदे पर लटकी मिली थी: NIT प्रशासन को बुलाने के बाद रोशनदान से झांक कर देखा, तो दीक्षा का शव रस्सी के साथ पंखे पर लटका हुआ था। बताते चलें कि दीक्षा NIT में ऑर्टिफिशियल एंड डेटा साइंस स्ट्रीम से बीटेक कर रही थी। दीक्षा बिहार के बक्सर जिले की रहने वाली थी। हालांकि उसका परिवार यूपी के अलीगढ़ में रहता है।
दीक्षा ने प्रोफेशनल तरीके से रस्सी में गांठ लगाकर फंदा लगाया था।

दीक्षा ने प्रोफेशनल तरीके से रस्सी में गांठ लगाकर फंदा लगाया था।

पेंसिल से लिखा सुसाइड नोट

पुलिस को दीक्षा के कमरे से एक रजिस्टर बरामद हुआ। इसमें पुलिस को इंग्लिश में पेंसिल से लिखा सुसाइड नोट बरामद हुआ। नोट में लिखा मिला कि I AM SORRY MUMMY PAPA, I AM NOT WORTH OF ANYTHING, I JUST SPOILED MY SELF, I HATE MY SELF HATE. दूसरे पेज पर सिर्फ सुसाइड लिखा था।

पिता कंपनी में ऑपरेटर

दीक्षा के पिता शशि कुमार दुबे अलीगढ़ में बीयर बनाने वाली कंपनी में ऑपरेटर है। उसकी मां पूनम देवी हाउसवाइफ है और दोनों छोटे भाई आयुष और दिव्याम स्कूल में पढ़ते हैं। परिवार को दीक्षा के सुसाइड करने पर यकीन नहीं हो रहा है। परिवार मामले की उच्च जांच करने की मांग कर रहा है। हालांकि परिवार ने पुलिस को कोई बयान नहीं दिया।

बेटी की मौत से दुखी अपने पिता के कंधे पर हाथ थपथपा कर उसे दिलासा देता दीक्षा का छोटा भाई दिव्याम।

बेटी की मौत से दुखी अपने पिता के कंधे पर हाथ थपथपा कर उसे दिलासा देता दीक्षा का छोटा भाई दिव्याम।

सुसाइड की वजह साफ नहीं

नोट मिलने के बाद भी दीक्षा के सुसाइड करने की वजह साफ नहीं हो पाई। पिता शशि कुमार दूबे के मुताबिक, दीक्षा की घर पर उसकी मां के साथ बात होती रहती थी। घटना से पहले सुबह दीक्षा की उसकी मां के साथ बातचीत हुई थी। बातचीत से लगा नहीं कि दीक्षा सुसाइड करेगी। दीक्षा को परिवार और पढ़ाई को लेकर कोई स्ट्रेस नहीं था।

वीडियोग्राफी के बीच हुआ पोस्टमॉर्टम

केयूके थाना के SHO विशाल ने बताया कि पुलिस की ओर से हॉस्टल की 2 लड़कियों के सामने सारी कार्रवाई की गई। दो डॉक्टरों के पैनल से वीडियोग्राफी के बीच पोस्टमॉर्टम करवा कर शव परिवार को सौंप दिया। परिजनों की ओर से कोई बयान और शिकायत नहीं दी गई। पुलिस अपने स्तर पर मामले की जांच कर रही है।

दीक्षा की मौत के बाद छात्रों ने रात पर कॉलेज में हंगामा किया था।

दीक्षा की मौत के बाद छात्रों ने रात पर कॉलेज में हंगामा किया था।

प्रदर्शन के बाद वार्डन बदली गईं

दीक्षा सुसाइड केस और स्टूडेंट्स के हंगामे के बाद NIT प्रशासन ने बड़ी कार्रवाई करते हुए गर्ल हॉस्टल की चीफ वॉर्डन, डिप्टी वॉर्डन और एसोसिएट डीन स्टूडेंट वेल्फेयर को बदल दिया। गर्ल हॉस्टल की चीफ वॉर्डन डॉ. वृंदा गोयल की जगह प्रो. ज्योति ओहरी और डिप्टी चीफ वॉर्डन डॉ रितु गर्ग को बनाया गया है।

साथ ही स्टूडेंट वेलफेयर एसोसिएट डीन प्रो. वीके वाजपेयी और डॉ. पूनम जिंदल को लगाया गया है। हालांकि NIT में यह बदली आपसी खींचतान को लेकर भी मानी जा रही है।

———————–

ये खबर भी पढ़ें….

कुरुक्षेत्र NIT में सुसाइड के बाद हॉस्टल वार्डन बदलीं:सुसाइड नोट में लिखा- मैंने पैसे-सीट वेस्ट की; छात्रा के पिता बोले- पढ़ने में होशियार थी

हरियाणा में NIT कुरुक्षेत्र में बीटेक की छात्रा दीक्षा सुसाइड केस में संस्थान ने बड़ी कार्रवाई करते हुए गर्ल हॉस्टल की चीफ वॉर्डन, डिप्टी वॉर्डन और एसोसिएट डीन स्टूडेंट वेल्फेयर को बदला गया है। गर्ल हॉस्टल की चीफ वॉर्डन डॉ. वृंदा गोयल की जगह प्रो. ज्योति ओहरी और डिप्टी चीफ वॉर्डन डॉ रितु गर्ग को बनाया गया है। (पूरी खबर पढ़ें)

Source link

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Newsmatic - News WordPress Theme 2026. Powered By BlazeThemes.