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सहारनपुर में मेला गुघाल के सांस्कृतिक कार्यक्रमों की श्रृंखला में मंगलवार शाम सात बजे राजकीय इंटर कॉलेज (GIC) के सभागार में ‘संगीतमय शाम’ का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में उत्तर प्रदेश के पूर्व गन्ना विकास मंत्री एवं भाजपा प्रदेश उपाध्यक्ष सुरेश राणा मुख्य अतिथि रहे। उन्होंने कहा कि लोगों को ‘मैं और मेरा परिवार’ से हटकर देश के बारे में सोचना होगा। देश सर्वोपरि है, इसे हमेशा ध्यान में रखना चाहिए। सुरेश राणा ने कहा कि हमें अपने डीएनए को पहचानने की जरूरत है। उन्होंने पंजाब माता विद्यावती का उदाहरण देते हुए कहा कि वह अपने बेटे भगत सिंह को देश के लिए फांसी पर चढ़ते देखकर भी गौरवान्वित हुईं। इसी तरह गुरु गोविंद सिंह के साहिबजादे जोरावर सिंह और फतेह सिंह, बंदा बैरागी समेत देश के लिए बलिदान देने वाले महापुरुषों की भावना हमारी विरासत का हिस्सा है। उन्होंने कहा कि विकास के साथ अपनी विरासत और संस्कृति को भी सहेजना होगा। तभी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के 2047 तक विकसित भारत बनाने के संकल्प को पूरा किया जा सकेगा। महापौर डॉ. अजय कुमार ने कहा कि जाहरवीर गोगा जी महाराज की स्मृति में मेला गुघाल का आयोजन सहारनपुर के लिए गौरव की बात है। उन्होंने कहा कि विकास के साथ परंपराओं और संस्कृति को संरक्षित करने का काम भी किया जा रहा है। विरासत को सहेजते हुए विकसित भारत और विकसित उत्तर प्रदेश का निर्माण करना है। कार्यक्रम का शुभारंभ अतिथियों ने दीप प्रज्वलित कर और रिबन काटकर किया। इस दौरान उद्यमी रविंद्र मिगलानी, एचएस चड्ढा, अमर गुप्ता, नीरज मिड्ढा, पूर्व महानगर अध्यक्ष राकेश जैन, मयंक अग्रवाल, कुलदीप धमीजा, उपसभापति मयंक गर्ग समेत अन्य लोग मौजूद रहे। पार्षद गौरव जैन, विजय वर्मा, संजय गुप्ता और अनुराग जैन ने मुख्य अतिथि सुरेश राणा,महापौर डॉ. अजय कुमार, नकुड़ विधायक मुकेश चौधरी,महानगर अध्यक्ष शीतल विश्नोई सहित अतिथियों और पार्षदों का पटका पहनाकर व स्मृति चिह्न देकर स्वागत किया। हरिद्वार और दिल्ली से आए कलाकारों ने गणेश वंदना ‘वक्रतुण्ड महाकाय’ से सांस्कृतिक प्रस्तुतियों की शुरुआत की। इसके बाद कलाकारों ने एक से बढ़कर एक गीत और सामूहिक नृत्य प्रस्तुत किए। प्रस्तुतियों ने दर्शकों की खूब तालियां बटोरीं। तस्वीरें देखिए…
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सहारनपुर के मेला गुघाल में 'संगीतमय शाम' का आयोजन:हरिद्वार-दिल्ली के कलाकारों ने गणेश वंदना और गीत-नृत्य से समां बांधा