![]()
मेरठ के मेडिकल थाना क्षेत्र स्थित मंगलपांडे नगर के महर्षि हॉस्पिटल में सोमवार दोपहर 23 वर्षीय युवक की इलाज के दौरान मौत हो गई। मौत के बाद परिजनों ने डॉक्टरों और अस्पताल स्टाफ पर इलाज में लापरवाही और गलत ब्लड ग्रुप का खून चढ़ाने का आरोप लगाते हुए जमकर हंगामा किया। गुस्साए परिजनों ने अस्पताल के स्टाफ को बंधक बना लिया। मामला बढ़ता देख डॉक्टर और कर्मचारी अस्पताल छोड़कर भाग गए। सूचना पर पहुंची मेडिकल थाना पुलिस ने किसी तरह परिजनों को शांत कराया और मामले की जांच शुरू की। सिविल लाइन थाना क्षेत्र के पूर्वा शेखलाल निवासी ललित कोहली (23) पुत्र कमल कुमार मिठाई के डिब्बे बनाने का काम करता था। परिजनों के मुताबिक 25 सितंबर को किठौर क्षेत्र में बाइक फिसलने से ललित के पैर की हड्डी टूट गई थी। इसके बाद उसे मंगलपांडे नगर स्थित महर्षि हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया। परिजनों के अनुसार डॉक्टर अश्वनी सिंह ने रविवार को उसके पैर का ऑपरेशन किया था। आरोप है कि सोमवार को डॉक्टरों ने ललित में खून की कमी बताते हुए दो यूनिट ब्लड चढ़ाया। उनका दावा है कि अस्पताल में पहले से एक यूनिट अलग ब्लड ग्रुप का खून रखा था और लापरवाही के चलते वही ब्लड ललित को चढ़ा दिया गया। इसके कुछ देर बाद उसकी हालत बिगड़ी और इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। मौत की खबर मिलते ही परिजन भड़क गए और अस्पताल में हंगामा शुरू कर दिया। उन्होंने डॉक्टरों और स्टाफ पर गंभीर आरोप लगाए। परिजनों का आरोप है कि थाना प्रभारी को मौके पर बुलाने की मांग के बावजूद वह नहीं पहुंचे। हंगामे के बीच अस्पताल का स्टाफ मौके से भाग गया, जिससे वहां अफरा-तफरी मच गई। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर स्थिति संभाली। मृतक के परिजनों ने अस्पताल संचालक, डॉक्टर और स्टाफ के खिलाफ तहरीर दी है। इंस्पेक्टर मेडिकल ने बताया कि युवक की मौत के कारणों और गलत ब्लड चढ़ाने के आरोपों की जांच की जा रही है। जांच के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। वही छात्र नेता विनीत चपराना ने डॉक्टर और अस्पताल संचालक पर सख्त कार्यवाही की मांग की है।
Source link
मेरठ में इलाज के दौरान युवक की मौत:महर्षि अस्पताल में परिजनों का हंगामा, स्टाफ को बंधक बनाया; पुलिस जांच में जुटी