महोबा में ई-रिक्शा चालक की हत्या का खुलासा:किराए के विवाद में तीन नाबालिग दोस्तों ने पीट-पीटकर मार डाला


महोबा पुलिस ने 17 दिन पहले हुए ई-रिक्शा चालक ओमप्रकाश के अंधे कत्ल का खुलासा कर दिया है। महोबा कोतवाली और सर्विलांस टीम ने संयुक्त कार्रवाई करते हुए इस हत्या में शामिल तीन नाबालिगों को हिरासत में लिया है। पुलिस मीडिया सेल ने रविवार रात करीब 12 बजे इस अनावरण की जानकारी दी। महोबा जनपद के शहर कोतवाली क्षेत्र के शाहपहाड़ी गांव के पास 21 जून को ई-रिक्शा चालक ओमप्रकाश का शव मिला था। फतेहपुर बजरिया के रहने वाले 54 वर्षीय ओमप्रकाश के परिजनों ने हत्या की आशंका जताई थी। इसके बाद पुलिस अधीक्षक शशांक सिंह के निर्देश पर दो टीमों का गठन किया गया। महोबा कोतवाली पुलिस और जनपदीय स्वॉट सर्विलांस टीम ने जब इस मामले की गुत्थी सुलझाई, तो सामने आया कि 14 से 16 साल के तीन नाबालिग दोस्तों ने ओमप्रकाश की हत्या की थी। पूछताछ में इन विधि से संघर्षरत बालकों ने बताया कि घटना की रात ई-रिक्शा के किराए को लेकर उनका ओमप्रकाश से विवाद हो गया था।

विवाद इतना बढ़ गया कि तीनों नाबालिगों ने मिलकर चालक के साथ मारपीट शुरू कर दी। गंभीर चोटें आने की वजह से ओमप्रकाश की मौके पर ही मौत हो गई। इसके बाद आरोपी उनका शव छोड़कर मौके से फरार हो गए थे। पुलिस टीम ने पकड़े गए नाबालिगों की निशानदेही से मृतक ओमप्रकाश का मोबाइल फोन, वोटर आईडी, पैन कार्ड और अन्य जरूरी दस्तावेज बरामद किए हैं। इस मामले का पर्दाफाश करने में प्रभारी निरीक्षक मनीष कुमार पांडेय और सर्विलांस प्रभारी विवेक यादव की टीम ने मुख्य भूमिका निभाई। पुलिस ने तीनों नाबालिग आरोपियों को संरक्षण में लेकर किशोर न्याय बोर्ड के समक्ष प्रस्तुत करने की विधिक कार्रवाई शुरू कर दी है।

Source link

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *