सुजीत कुमार | बलरामपुरकुछ ही क्षण पहले
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बलरामपुर के बाढ़ खण्ड कार्यालय में अवर अभियंता अरुण कुमार पर उनके ही विभाग के कर्मचारियों ने हमला कर दिया। यह घटना बीते शुक्रवार दोपहर करीब 1:15 बजे अधिशासी अभियंता कार्यालय में हुई, जब परियोजना संबंधी विषयों पर बैठक चल रही थी।
अवर अभियंता अरुण कुमार, पुत्र शम्भू नाथ, निवासी अतरौली, सलेमपुर, देवरिया, वर्तमान में बाढ़ खण्ड बलरामपुर में कार्यरत हैं। घटना के दौरान वे अन्य अधिकारियों के साथ चर्चा कर रहे थे। तभी प्रारूपकार राजेश कुमार अपने साथियों विकास माथुर, पंकज, अनिल कुमार मिश्रा और अन्य कर्मचारियों के साथ वहां पहुंचे और उन पर हमला कर दिया। आरोप है कि हमलावरों ने गाली-गलौज की, मारपीट की और जान से मारने की धमकी भी दी।
कार्यालय में मौजूद अन्य अधिकारियों ने बीच-बचाव कर स्थिति को संभाला, जिसके बाद हमलावर मौके से फरार हो गए। घटना के बाद अधिशासी अभियंता ने राजेश कुमार से हमले का कारण पूछा। राजेश कुमार ने बताया कि 20 अप्रैल को जिलाधिकारी कार्यालय में चपरासी अमित कुमार और अशोक कुमार ने उन्हें सूचित किया था कि अरुण कुमार ने उनके बारे में अपशब्द कहे थे। इसी बात को लेकर यह विवाद हुआ।
इस घटना से जुड़ा एक महत्वपूर्ण तथ्य सामने आया है। अधिशासी अभियंता कक्ष में लगे सीसीटीवी कैमरे का कनेक्शन घटना से पहले ही बाहर से काट दिया गया था। इससे आशंका जताई जा रही है कि यह हमला पूर्व नियोजित था।
पीड़ित अवर अभियंता की शिकायत पर कोतवाली नगर में मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई शुरू कर दी है और पूरे मामले की जांच जारी है।
