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अगर आप भी ऑनलाइन गेम खेलते हैं या मोबाइल पर गेम खेलने के दौरान मिलने वाले ऑफर और लिंक पर क्लिक करते हैं, तो सावधान हो जाइए। साइबर अपराधी अब ऑनलाइन गेम को भी ठगी का जरिया बना चुके हैं। बरेली पुलिस ने ऐसे ही दो शातिर साइबर अपराधियों को गिरफ्तार किया है, जो लोगों को ऑनलाइन गेम के नाम पर अपने जाल में फंसाकर उनके बैंक खातों से रुपये ट्रांसफर करा लेते थे। शुक्रवार रात करीब 10 बजे साइबर थाना पुलिस ने इस पूरे गिरोह का खुलासा किया। कई राज्यों के लोगों को बना चुके हैं शिकार एसएसपी अनुराग आर्य के निर्देशन में साइबर सेल, साइबर थाना और स्थानीय पुलिस की संयुक्त टीम ने दोनों आरोपियों को गिरफ्तार किया। जांच में सामने आया कि आरोपी हरियाणा, राजस्थान, दिल्ली, उत्तराखंड, केरल, पश्चिम बंगाल, तमिलनाडु, गुजरात, महाराष्ट्र और मध्य प्रदेश समेत कई राज्यों के लोगों से साइबर ठगी कर चुके हैं। पुलिस अब इनके अन्य साथियों और पूरे नेटवर्क की भी जांच कर रही है। पुलिस जांच में दोनों आरोपियों के बैंक खातों में कुल 2.96 लाख रुपये से अधिक की संदिग्ध धनराशि का लेनदेन मिला। यह रकम साइबर अपराध से जुड़ी शिकायतों के आधार पर चिन्हित की गई। मामले में थाना सुभाषनगर और थाना हाफिजगंज में मुकदमे दर्ज थे, जिनकी जांच के दौरान दोनों आरोपियों की पहचान हुई। ऑनलाइन गेम के बहाने लोगों को फंसाता था देवेंद्र गिरफ्तार आरोपी देवेंद्र सिंह (25) पुत्र सत्येंद्र सिंह निवासी शिवनगर, मढ़ीनाथ, थाना सुभाषनगर का है। पुलिस के अनुसार उसके बैंक खाते में 16,680 रुपये का संदिग्ध लेनदेन मिला। पूछताछ में उसने बताया कि वह अपने साथियों के साथ मिलकर लोगों को ऑनलाइन गेम खेलने के लिए प्रेरित करता था। गेम के दौरान अलग-अलग बहाने बनाकर पीड़ितों से बैंक खाते में रकम ट्रांसफर कराई जाती थी। इसके बाद पैसे विभिन्न माध्यमों से निकाल लिए जाते थे। दूसरा आरोपी शिवम गंगवार (20) पुत्र शिव कुमार है। वह मूल रूप से थाना हाफिजगंज क्षेत्र का रहने वाला है और वर्तमान में कर्मचारी नगर, थाना इज्जतनगर में रह रहा है। पुलिस के मुताबिक उसके बैंक खाते में 2.80 लाख रुपये का संदिग्ध लेनदेन मिला। पूछताछ में उसने भी स्वीकार किया कि वह अपने साथियों के साथ मिलकर देश के अलग-अलग राज्यों में साइबर ठगी करता था और ठगी की रकम अपने खाते में मंगवाता था। पुलिस ने दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया, जहां से उन्हें जेल भेज दिया गया। लगातार कार्रवाई कर रही है बरेली पुलिस बरेली पुलिस साइबर अपराधियों के खिलाफ लगातार अभियान चला रही है। एक दिन पहले भी पुलिस ने साइबर ठगी से जुड़े तीन अन्य आरोपियों को गिरफ्तार किया था। पुलिस का कहना है कि साइबर अपराधियों के पूरे नेटवर्क को चिन्हित कर उनके खिलाफ कार्रवाई जारी रहेगी। एसएसपी अनुराग आर्य का बयान
एसएसपी अनुराग आर्य ने कहा कि आजकल साइबर अपराधी ठगी के नए-नए तरीके अपना रहे हैं। ऑनलाइन गेम, निवेश, लोन, केवाईसी अपडेट और डिजिटल अरेस्ट जैसे तरीकों से लोगों को निशाना बनाया जा रहा है। उन्होंने लोगों से अपील की कि किसी भी अनजान लिंक, मोबाइल एप या ऑनलाइन गेम पर भरोसा न करें और बिना जांच-पड़ताल के किसी के कहने पर अपने बैंक खाते से रुपये ट्रांसफर न करें। उन्होंने कहा कि “ऑनलाइन अरेस्ट” जैसा कोई कानूनी प्रावधान भारत में नहीं है। यदि कोई व्यक्ति खुद को पुलिस, सीबीआई, ईडी या किसी अन्य एजेंसी का अधिकारी बताकर वीडियो कॉल पर डराता है या पैसे मांगता है, तो घबराने की जरूरत नहीं है। तुरंत कॉल काटें और इसकी सूचना साइबर हेल्पलाइन 1930 या नजदीकी पुलिस थाने में दें। साइबर फ्रॉड से बचने के लिए अपनाएं ये 10 सावधानियां
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बरेली में 2 साइबर ठग गिरफ्तार:ऑनलाइन गेम के जरिए लोगों को फंसाते, खाते कर देते थे खाली