विकास अवस्थी | कन्नौज5 मिनट पहले
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कन्नौज में प्राकृतिक खेती को बढ़ावा देने के उद्देश्य से एक बायो इनपुट रिसोर्स सेंटर (बीआरसी) स्थापित किया जाएगा। कृषि विभाग ने इस केंद्र की स्थापना के लिए आवेदन आमंत्रित किए हैं, जिसकी अंतिम तिथि 15 जुलाई निर्धारित की गई है।
उप कृषि निदेशक संतोष कुमार ने बताया कि जनपद कन्नौज में राष्ट्रीय प्राकृतिक खेती मिशन (एनएमएनएफ) का प्रभावी संचालन किया जा रहा है।
इसका मुख्य उद्देश्य किसानों को रसायनमुक्त और टिकाऊ कृषि पद्धतियां अपनाने के लिए प्रोत्साहित करना है। वर्तमान में, जिले के 10 क्लस्टरों में 1,250 किसान प्राकृतिक खेती से जुड़कर पर्यावरण संरक्षण और गुणवत्तापूर्ण कृषि उत्पादन में योगदान दे रहे हैं।
जिले में एक बायो इनपुट रिसोर्स सेंटर (बीआरसी) स्थापित किया जाएगा। इस केंद्र का लक्ष्य स्थानीय स्तर पर प्राकृतिक खेती में उपयोग होने वाले जैविक कृषि आदानों का उत्पादन, संरक्षण और उनकी उपलब्धता सुनिश्चित करना है, ताकि किसानों को गुणवत्तापूर्ण जैविक संसाधन आसानी से मिल सकें।
बीआरसी के माध्यम से घनजीवामृत, जीवामृत, बीजामृत और दशपर्णी सहित विभिन्न जैविक मिश्रणों का निर्माण किया जाएगा।
भंडारण सुविधाओं का विकास
इसके लिए पशुधन और पौध आधारित संसाधनों की उपलब्धता आवश्यक होगी। चयनित केंद्र पर जैविक उत्पादों की गुणवत्ता बनाए रखने के लिए स्टोरेज टैंक, कैन, रेफ्रिजरेटर, गोमूत्र संग्रहण व्यवस्था, किण्वन (फर्मेंटेशन) कक्ष और पर्याप्त भंडारण सुविधाओं का विकास अनिवार्य होगा।
उप कृषि निदेशक ने स्पष्ट किया कि बीआरसी के लिए वे एफपीओ (किसान उत्पादक संगठन), उद्यमी या संस्थाएं पात्र होंगी, जो स्वयं प्राकृतिक खेती से जुड़ी हों या जिनके सदस्यों को प्राकृतिक खेती का पूर्व अनुभव हो। चयनित संस्था प्राकृतिक खेती अपनाने वाले किसानों को जैविक मिश्रण तैयार करने और उनके वैज्ञानिक उपयोग के संबंध में तकनीकी मार्गदर्शन भी प्रदान करेगी।
बायो इनपुट रिसोर्स सेंटर की स्थापना
उन्होंने एफपीओ, उद्यमियों और पात्र संस्थाओं से अपील की है कि वे निर्धारित पात्रता और चयन मानकों के अनुसार अपने आवेदन 15 जुलाई तक किसी भी कार्यदिवस में उप कृषि निदेशक कार्यालय में जमा करें। चयनित संस्था को राष्ट्रीय प्राकृतिक खेती मिशन के मानकों के अनुरूप बायो इनपुट रिसोर्स सेंटर की स्थापना करना अनिवार्य होगा।
