आगरा में NHAI के दायरे में आने वाले 16 ऐसे स्थान हैं, जहां जलभराव होता है। इन जगहों के नालों की सफाई नहीं हुई है। ऐसे में मानसून के दौरान इन जगहों पर फिर से जलभराव होगा। इससे निपटने के लिए नगर आयुक्त संतोष कुमार वैश्य ने NHAI के आगरा एवं मथुरा-फरीदाब
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नगर आयुक्त संतोष कुमार वैश्य ने अपने पत्र में कहा है-नगर निगम अपने अधिकार क्षेत्र के नालों की सफाई अपने संसाधनों से युद्धस्तर पर करा रहा है। वहीं नगर स्वास्थ्य अधिकारी एवं जोनल सेनेटरी अधिकारियों की रिपोर्ट के अनुसार NHAI के अधीन आने वाले अधिकांश नालों की अब तक सफाई नहीं कराई गई है।

पिछले दिनों हुई बारिश के दौरान हाईवे किनारे भरा पानी।
यदि समय रहते सफाई नहीं हुई तो गत वर्षों की तरह इस वर्ष भी बरसात के दौरान राष्ट्रीय राजमार्गों और आसपास के क्षेत्रों में गंभीर जलभराव की स्थिति उत्पन्न हो सकती है।
पत्र में स्पष्ट किया गया है, जनहित को देखते हुए बारिश शुरू होने से पहले इन नालों की सफाई कराना अत्यंत आवश्यक है। नगर निगम ने NHAI को ऐसे 16 प्रमुख स्थानों की सूची भी उपलब्ध कराई है, जहां नालों की सफाई तत्काल कराई जानी चाहिए।

बारिश के घंटों बाद तक हाईवे किनारे पानी भरा रहता है।
ये हैं वे जगह सब्जी मंडी से सिकंदरा चौराहा, सिकंदरा से गुरु का ताल, गुरु का ताल से लेमन ट्री होटल, आईएसबीटी होते हुए खंदारी फ्लाईओवर, खंदारी चौराहा से भगवान टॉकीज, श्री टॉकीज से गांधी नगर, गांधी नगर से वाटर वर्क्स, लेमन ट्री होटल से भगवान टॉकीज, कौशलपुर से अब्बू लाला रोड, सुल्तानगंज पुलिया से वाटर वर्क्स, हाथरस रोड, ईंट मंडी, टेढ़ी बगिया, ओ.पी. कोल्ड स्टोरेज, रामबाग, शाहदरा अंडरपास तथा बजरंग पेट्रोल पंप से रामबाग चौराहे तक के विभिन्न नालों को शामिल किया गया है।

आगरा नगर आयुक्त के आवास के सामने भी रहता है बारिश के दिनों में जलभराव।
पत्र में यह भी कहा है, यदि इन नालों की समय पर सफाई सुनिश्चित कर दी जाती है तो बरसात के दौरान राष्ट्रीय राजमार्गों और आसपास के इलाकों में जलभराव की समस्या को काफी हद तक रोका जा सकेगा। नगर आयुक्त ने परियोजना निदेशकों से व्यक्तिगत रुचि लेकर संबंधित अधिकारियों को समयबद्ध कार्रवाई के निर्देश देने का अनुरोध किया है, ताकि आम जनता को वर्षा के दौरान किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े।