रुचिवीरा बोलीं-कमाल के इस्तीफे का मेरी शिकायत से संबंध नहीं:सपा सांसद बोलीं-मेरे साथ गलत हुआ, कोई तो था उसके पीछे; लेकिन अखिलशेजी ने समझा दिया


समाजवादी पार्टी विधानमंडल दल के मुख्य सचेतक पद से कांठ के सपा विधायक कमाल अख्तर के इस्तीफे पर मुरादाबाद की सपा सांसद रुचिवीरा ने प्रतिक्रिया दी है। सपा सांसद ने कहा कि, कमाल अख्तर के इस्तीफे का मुझसे कोई लेना-देना नहीं है। उन्होंने कहा कि पिछले दिनों मुरादाबाद में जो कुछ हुआ वह उनके लिए अपमानजनक था। रुचिवीरा बोलीं- कोई न कोई तो उसके पीछे था। लेकिन बाद में राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादवजी ने सभी को समझा दिया था। इसके साथ ही वो चैप्टर वहीं बंद हो चुका है।
मुरादाबाद में पत्रकारों से बातचीत में रुचिवीरा ने कहा कि, राष्ट्रीय अध्यक्ष पार्टी में किस विधायक, सांसद या कार्यकर्ता से क्या काम लें, ये उनका डिसीजन है। प्रदेश में चुनाव आने वाला है और हो सकता है कि चुनाव जल्द हो जाए। मुझे लगता है कि इसी के मद्देनजर ये फेरबदल (कमाल अख्तर का इस्तीफा) हुआ होगा। राष्ट्रीय अध्यक्ष ही बेहतर समझ सकते हैं कि कौन आदमी किस रोल में बेहतर काम कर सकता है। रुचिवीरा ने कहा वो मामला(कमाल और रुचिवीरा में अनबन) निपट गया है। मैंने कहा पहले भी कहा था कि एक महिला(सांसद को) को पिछले दिनों काफी चीजें झेलनी पड़ीं। यहां अनुशासनहीनता हो रही थी। पार्टी के होर्डिंग बैनरों में किसकी फोटो लगाई जाए किसकी नहीं लगाई जाए, किसको कार्यक्रम में बुलाया जाए और किसको नहीं बुलाया जाए…। कुछ तो यहां चल रहा था। कोई न कोई तो था ही उसके पीछे। रुचिवीरा बोलीं, अब मुझे ये नहीं पता कि ये भूलवश था या जानबूझकर था। लेकिन मैं ये कहना चाहती हूं कि प्रकरण निपट चुका है, वर्तमान में हुए इस्तीफे का उससे लेना-देना नहीं है। उस प्रकरण में राष्ट्रीय अध्यक्ष ने सभी को समझा दिया था कि अनुशासनहीनता किसी भी स्तर से नहीं होनी चाहिए। रुचिवीरा ने स्वीकार किया कि, उन्होंने इस मामले की शिकायत राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव से की थी। जिसके बाद दोनों पक्षों को बुलाया गया था।

Source link

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *