देश की सबसे आधुनिक और हाईटेक बालोतरा की पचपदरा रिफाइनरी में 20 अप्रैल को लगी आग ने सुरक्षा एजेंसियों के कान खड़े कर दिए हैं। इस हादसे को ‘साइबर अटैक’ से भी जोड़कर देखा जा रहा है। जांच एजेंसियां इस एंगल पर भी जांच को आगे बढ़ा रही हैं।
.
आशंका जताई जा रही है कि हादसे के वक्त रिफाइनरी के ऑटोमेटिक कंट्रोल यूनिट्स को बाहर से ‘हाईजैक’ कर लिया गया होगा।
सुरक्षा एजेंसियां अब रिफाइनरी के डिजिटल लॉग्स और डेटा को खंगाल रही हैं। एक्सपट्र्स यह पता लगाने की कोशिश कर रहे हैं कि क्या किसी बाहरी आईपी एड्रेस (IP Address) ने सिस्टम में सेंध लगाने की कोशिश तो नहीं की थी?
उधर, आसपास के इलाके में रहने वाले लोगों का पुलिस वेरिफिकेशन भी किया जा रहा है।

20 अप्रैल को बालोतरा के पचपदरा स्थित हिंदुस्तान पेट्रोलियम लिमिटेड (HPCL) की रिफाइनरी में आग लग गई थी।
1 किमी के दायरे में आने वाली दुकानें हट सकती हैं, सुरक्षा घेरा बढ़ा हादसे के बाद सुरक्षा एजेंसियां और बालोतरा पुलिस पूरी तरह एक्टिव मोड में है। सूत्रों के मुताबिक, रिफाइनरी के 1 किलोमीटर के दायरे में आने वाली दुकानों और कमर्शियल संस्थानों को सुरक्षा कारणों से हटाया जा सकता है। दावा है कि यहां दिनभर भीड़ रहती है, जो सुरक्षा के लिहाज से बड़ा खतरा है।

सीएम भजनलाल शर्मा ने 21 अप्रैल को सीएस बी श्रीनिवास के साथ रिफाइनरी का दौरा किया था। उन्होंने यहां HPCL के अधिकारियों से हादसे की जानकारी ली थी।
बिना अनुमति प्रवेश पर रोक इलाके में रहने वाले सभी किराएदारों और मजदूरों का पुलिस वेरिफिकेशन शुरू कर दिया गया है। बिना अनुमति किसी भी बाहरी व्यक्ति का रिफाइनरी परिसर में प्रवेश पूरी रोक दिया गया है।

21 अप्रैल को डोम हटाने का काम शुरू हुआ था। सुरक्षा एजेंसियों ने इसे हटाने का काम रोक दिया है।
PM की सभा के लिए बने डोम को एजेंसियों ने घेरे में लिया रिफाइनरी में आग पीएम नरेंद्र मोदी के दौरे से ठीक 20 घंटे पहले लगी थी। पीएम 21 अप्रैल को इसका उद्घाटन करने वाले थे। सभा के लिए बनाए गए 3 विशाल डोम को हटाने का काम सुरक्षा एजेंसियों ने रुकवा दिया है। माना जा रहा है कि एजेंसियां इन डोम के आसपास से फॉरेंसिक सबूत जुटाना चाहती हैं ताकि यह स्पष्ट हो सके कि आग तकनीकी खामी थी या कोई सोची-समझी साजिश।

टाटा प्रोजेक्ट्स के पास है निर्माण का जिम्मा जिस क्रूड डिस्टिलेशन यूनिट (CDU) में आग लगी, उसका निर्माण कार्य टाटा प्रोजेक्ट्स के पास है। फिलहाल शुरुआती अनुमान तकनीकी खराबी या लीकेज का है, लेकिन एजेंसियां अब कॉन्ट्रैक्टर कंपनियों, साइट इंजीनियरों और प्रबंधन से पूछताछ कर रही हैं।

सीएम ने किया था दौरा मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने 21 अप्रैल को मुख्य सचिव बी. श्रीनिवास के साथ रिफाइनरी का दौरा कर HPCL के अधिकारियों से हादसे की पूरी जानकारी ली थी।

प्रधानमंत्री का दौरा स्थगित हुआ था
बाड़मेर के नजदीक बालोतरा में हिंदुस्तान पेट्रोलियम लिमिटेड (HPCL) की रिफाइनरी में 20 अप्रैल की दोपहर 2 बजे भीषण आग लग गई थी। आग रिफाइनरी में कच्चे तेल को साफ करने वाली दो यूनिट में लगी थी।
यूनिट से धुआं उठने पर कर्मचारियों ने फायर सेफ्टी सिस्टम चालू किया था। फायर ब्रिगेड की गाड़ियों ने 2 से 3 घंटे में आग पर काबू पाया था। इस दौरान यूनिट से लपटें उठती रहीं।
करीब 79 हजार 459 करोड़ रुपए की लागत से बनी इस रिफाइनरी का प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 21 अप्रैल को उद्घाटन करने वाले थे। इस घटना के बाद उनका दौरा स्थगित हो गया था।

——
यह खबर भी पढ़िए…
राजस्थान में हिंदुस्तान पेट्रोलियम की रिफाइनरी में आग, कई घंटे बाद काबू पाया गया

राजस्थान में बाड़मेर के नजदीक बालोतरा में हिंदुस्तान पेट्रोलियम लिमिटेड (HPCL) की रिफाइनरी में सोमवार दोपहर 2 बजे भीषण आग लग गई। जानकारी के मुताबिक आग रिफाइनरी में कच्चे तेल को साफ करने वाली दो यूनिट में लगी। पढ़ें पूरी खबर…