हत्यारोपी पिता-पुत्र समेत तीन को आजीवन कारावास की सजा:वर्ष-2010 में विजय की पीट-पीटकर कर दी गई थी हत्या, फरार आरोपी के एनबीडब्ल्यू जारी


जिला एवं सत्र न्यायाधीश/विशेष न्यायाधीश एससी-एसटी एक्ट ने लालकुर्ती के हत्या से जुड़े लगभग 15 वर्ष पुराने मामले में पिता-पुत्र समेत तीन आरोपियों को आजीवन कारावास व 20 हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है। मामले में तीन बरी हो चुके हैं जबकि एक आरोपी के कोर्ट में पेश ना होने के कारण उसका गैर जमानती वारंट जारी हुआ है। वारदात लालकुर्ती थाना क्षेत्रांतर्गत स्थित रीगल सिनेमा रोड, इलाहाबाद बैंक के पास की है, जहां वर्ष 2010 में विजय उर्फ लल्ला पुत्र वीर सिंह निवासी सिंगल आफिसर क्वार्टर की पीट पीटकर हत्या कर दी गई थी। विजय उर्फ लल्ला को लोहे की रॉड व सरिये से बुरी तरह पीटा गया था। 5 नवंबर, 2010 को पिता वीर सिंह ने सात लोगों विजय पुत्र कालीचरण, सन्नी पुत्र विजय, विकास पुत्र रमेश, शंकर उर्फ रॉकी पुत्र सुरेश, विपिन पुत्र सुरेश, कपिल पुत्र प्रदीप और विनोद पुत्र तिलकराज शर्मा के विरूद्ध मुकदमा दर्ज कराया गया था। अब जानिए केस में कब, क्या हुआ
– 5 नवंबर, 2010 को लालकुर्ती थाने में विजय उर्फ लल्ला की हत्या का मुकदमा दर्ज हुआ।
– 21 दिसंबर, 2010 को कोर्ट में चार्जशीट दाखिल कर दी गई।
– 10 जनवरी, 2011 को कोर्ट ने चार्जशीट स्वीकार कर ट्रायल की अनुमति दी।
– 23 मई, 2011 को कोर्ट ने केस में सुनवाई शुरु कर दी। तीन आरोपियों को मिली क्लीप चिट
वर्ष 2010 के इस केस को पुलिस प्रशासन ने ऑपरेशन कनविक्शन के तहत चुना और प्रभावी पैरवी व गवाही कराते हुए मुकदमे को संपन्न कराया। बुधवार को कोर्ट ने विजय पुत्र कालीचरण, उसके बेटे सन्नी पुत्र विजय और विनोद पुत्र तिलकराज को दोषी पाते हुए उन्हें आजीवन कारावास और 20 हजार रुपये के जुर्माने की सजा सुना दी। जबकि विकास पुत्र रमेश, शंकर उर्फ रॉकी पुत्र सुरेश और विपिन पुत्र सुरेश की मुकदमे में कोई भूमिका ना पाते हुए बरी कर दिया। सजा सुनाते ही लिया हिरासत में
लंबे समय से सभी आरोपी जमानत पर बाहर चल रहे थे। दो दिन पहले तीन आरोपियों पर दोष सिद्ध होने के बाद कोर्ट ने तीनों को हिरासत में लिए जाने का फरमान सुना दिया। बुधवार को जैसे ही कोर्ट ने तीन आरोपियों को सजा सुनाई, वह रोने लगे। पुलिस ने विजय, सन्नी और विनोद को हिरासत में ले लिया और देर शाम जिला कारागार में दाखिल करा दिया। एक आरोपी नहीं हुआ कोर्ट में पेश
इस मामले में कुल सात लोग नामजद थे, जिनमें से विकास, शंकर और विपिन को आरोप साबित ना होने पर कोर्ट ने बरी कर दिया। इसके बाद चार आरोपी शेष थे लेकिन उनमें भी बकरी मोहल्ला निवासी कपिल पुत्र प्रदीप रस्तौगी कोर्ट में पेश नहीं हुए। इसी को देखते हुए बुधवार को कोर्ट ने कपिल का गैर जमानती वारंट जारी कर दिया। पुलिस जल्द कपिल को गिरफ्तार कर कोर्ट के समक्ष पेश करेगी।

Source link

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *