मेरठ में 25 हजार की इनामी सुमन मिश्रा गिरफ्तार:नौकरी के नाम पर डॉक्टर से ठगी, अमित मिरिंडा गैंग कनेक्शन की जांच


मेरठ पुलिस ने सरकारी नौकरी दिलाने के नाम पर डॉक्टर दंपति से 70 लाख रुपये की ठगी के मामले में फरार चल रही 25 हजार रुपये की इनामी आरोपी सुमन मिश्रा को गिरफ्तार कर लिया है। सुमन मिश्रा पिछले दो साल से फरार थी और उसे शुक्रवार को लखनऊ से पकड़ा गया। पुलिस अब इस पूरे नेटवर्क और इसमें शामिल लोगों की भूमिका की जांच कर रही है। पुलिस के अनुसार, सुमन मिश्रा और उसके पति पंकज मिश्रा पर एक डॉक्टर दंपति को सरकारी नौकरी का झांसा देकर 70 लाख रुपये ठगने का आरोप है। इस संबंध में वर्ष 2025 में टीपीनगर थाने में एक मुकदमा दर्ज किया गया था। पुलिस ने सुमन के पति पंकज मिश्रा को पहले ही गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था। जांच के दौरान पुलिस को एक और महत्वपूर्ण जानकारी मिली। आरोप है कि मेरठ जेल में बंद रहने के दौरान पंकज मिश्रा की मुलाकात गैंगस्टर अमित मिरिंडा से हुई थी। पुलिस के मुताबिक, दोनों के बीच विरोधियों को फर्जी मुकदमों में फंसाने की कथित साजिश को लेकर करीब 50 लाख रुपये की डील हुई थी। जेल से बाहर आने के बाद मिरिंडा ने अपने गैंग के सक्रिय सदस्यों गोविंद मोहन शर्मा और आशीष कुमार के माध्यम से इस साजिश को आगे बढ़ाने का प्रयास किया। इस मामले का खुलासा होने पर नौचंदी थाना पुलिस ने नवंबर 2025 में गोविंद मोहन शर्मा और आशीष कुमार को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था। गोविंद मोहन शर्मा वर्तमान में मेरठ जेल में बंद है, जबकि आशीष कुमार हाईकोर्ट से जमानत पर बाहर है। पुलिस का आरोप है कि पंकज मिश्रा के इशारे पर ही चिकित्सक दंपति को फर्जी मुकदमे में फंसाने की साजिश रची गई थी। गैंगस्टर अमित मिरिंडा इस समय लॉरेंस बिश्नोई के नाम पर रंगदारी मांगने के एक मामले में बेंगलुरु जेल में बंद है। पुलिस अधिकारियों ने बताया कि सुमन मिश्रा की गिरफ्तारी के बाद पूरे गैंग कनेक्शन और इस नेटवर्क से जुड़े सभी लोगों की भूमिका की दोबारा जांच की जा रही है। थाना पुलिस ने कहा है कि जांच में जो भी दोषी पाया जाएगा, उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।

Source link

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *