स्टालिन के 'सनातन विरोधी' बयान पर क्यों चुप रहे अखिलेश:यूपी चुनाव 2027 के लिए चुना छलावे का रास्ता, तुष्टीकरण के इतिहास के कारण नहीं बन सकते हिंदू हितैषी
किसी भी विषय को सुनियोजित ढंग से मुद्दा बनाना या फिर किसी अवसर से राजनीतिक लाभ हासिल करना राजनीति का ही हिस्सा माना जा सकता है, लेकिन बड़ा प्रश्न यह है कि क्या आस्था और धर्म से जुड़े विषय भी इसके अंग हो सकते हैं। क्या धर्म की चादर ओढ़कर समाज को छलने के प्रयास…