India GDP Growth Hits 7.8%

नई दिल्ली33 मिनट पहले

  • कॉपी लिंक

इंटरनेशनल मॉनेटरी फंड ने भारतीय अर्थव्यवस्था की तारीफ की है। साथ ही भारत को दुनिया का ग्रोथ इंजन भी बताया है। भारत की अर्थव्यवस्था ने ऊर्जा संकट और वैश्विक चुनौतियों के बीच भी अपनी तेज रफ्तार बरकरार रखी है।

चालू वित्त वर्ष की पहली तिमाही यानी अप्रैल-जून में देश की रियल जीडीपी ग्रोथ 7.8% दर्ज की गई है। IMF ने भारत के इस बेहतर प्रदर्शन की सराहना करते हुए कहा कि मजबूत सर्विसेज सेक्टर और बेहतर एक्सपोर्ट के दम पर यह ग्रोथ उम्मीद से काफी बेहतर रही है।

आईएमएफ ने की भारतीय अर्थव्यवस्था की तारीफ

आईएमएफ की प्रवक्ता जूली कोजाक ने प्रेस ब्रीफिंग में बताया कि अप्रैल-जून तिमाही में भारत की 7.8% की जीडीपी ग्रोथ उनके अनुमान और मार्केट एक्सपर्ट्स की उम्मीदों से कहीं ज्यादा है। उन्होंने कहा कि सर्विसेज और एक्सपोर्ट में बेहतर प्रदर्शन ने इस ग्रोथ को रफ्तार दी है।

जूली कोजाक के मुताबिक, यह प्रदर्शन दिखाता है कि एनर्जी प्राइस शॉक के बाद भी भारतीय अर्थव्यवस्था पूरी तरह मजबूत है और भारत दुनिया के लिए एक प्रमुख ग्रोथ इंजन बना हुआ है।

आरबीआई के अनुमान से ज्यादा रही विकास दर

पहली तिमाही का यह 7.8% का आंकड़ा रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया (RBI) के 7% के पिछले अनुमान से भी ज्यादा रहा है। सांख्यिकी और कार्यक्रम कार्यान्वयन मंत्रालय (MoSPI) के आंकड़ों के अनुसार, इस तिमाही में देश की रियल जीडीपी 81.36 लाख करोड़ रुपए रही, जो पिछले वित्त वर्ष (FY26) की इसी अवधि में 75.46 लाख करोड़ रुपए थी।

जीडीपी मापने के नए तरीके का समर्थन

आईएमएफ ने भारत के जीडीपी आकलन की व्यवस्था में किए गए बदलावों और इसके आधुनिकीकरण का स्वागत किया है। जूली कोजाक ने बताया कि नवीनतम डेटा में नया इंडेक्स ऑफ इंडस्ट्रियल प्रोडक्शन (IIP) और प्रोड्यूसर प्राइस इंडेक्स (PPI) सीरीज शामिल की गई है। आईएमएफ के अनुसार, इन नए बदलावों से जीडीपी आंकड़ों की सटीकता और डेटा की क्वालिटी में और सुधार होगा।

आईआईपी और पीपीआई क्या हैं?

इंडेक्स ऑफ इंडस्ट्रियल प्रोडक्शन (IIP): यह इंडेक्स देश के मैन्युफैक्चरिंग, माइनिंग और बिजली जैसे मुख्य क्षेत्रों में उत्पादन की रफ्तार को मापता है।

प्रोड्यूसर प्राइस इंडेक्स (PPI): यह इंडेक्स घरेलू उत्पादकों द्वारा बेचे जाने वाले सामान और सेवाओं की कीमतों में होने वाले औसत बदलाव को दर्शाता है, जिससे थोक स्तर पर महंगाई का सटीक आकलन होता है।

ये खबर भी पढ़ें…

भारतीय इकोनॉमी RBI के अनुमान से ज्यादा तेजी से बढ़ी: पहली तिमाही में GDP ग्रोथ 7.8% रही; IT-रियल एस्टेट सेक्टर्स में बढ़त का असर

पश्चिम एशिया में जारी तनाव से बढ़ती महंगाई के बावजूद भारत की इकोनॉमी RBI के अनुमान से ज्यादा मजबूत रही। इस साल की अप्रैल-जून तिमाही में जीडीपी ग्रोथ 7.8% रही। RBI का अनुमान 7% था। एक साल पहले की इसी तिमाही में यह 6.9% थी।

फाइनेंस, रियल एस्टेट, आईटी और प्रोफेशनल सर्विसेज सेक्टर में 11.5% की बढ़त दर्ज की गई, जिसने महंगाई के दबाव के बावजूद जीडीपी की रफ्तार को मजबूत बनाए रखा। सोमवार को यह आंकड़े केंद्र सरकार के सांख्यिकी विभाग ने जारी किए। पूरी खबर पढ़ें…

खबरें और भी हैं…

Source link

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Newsmatic - News WordPress Theme 2026. Powered By BlazeThemes.