![]()
यूक्रेन के सुमी में भारतीय कंपनी कुशुम ग्रुप के फार्मा प्लांट पर रूसी ड्रोन से हमला हुआ। इसमें एक व्यक्ति की मौत हो गई और कई लोग घायल हैं। हमले में फैक्ट्री की मुख्य इमारत लगभग पूरी तरह तबाह हो गई। शुरुआती अनुमान के मुताबिक, कंपनी को कम से कम 400 करोड़ रुपए का नुकसान हुआ है। हमले के बाद फैक्ट्री वाले इलाके से धुएं का बड़ा गुबार उठता दिखाई दिया। अधिकारियों ने बताया कि मृतकों और घायलों की संख्या बढ़ सकती है। कुसुम ग्रुप यूक्रेन में काम करने वाली बड़ी भारतीय संचालित फार्मा कंपनियों में से एक है। कंपनी को भारतीय नागरिक राजीव गुप्ता चलाते हैं। उन्होंने 1994 में भारत की दवाओं के डिस्ट्रीब्यूशन से कारोबार शुरू किया था। 1996 में यूक्रेन में कंपनी स्थापित की गई। 50 से ज्यादा दवाएं बनाती है कुसुम ग्रुप कुसुम ग्रुप 50 से ज्यादा दवाएं बनाता है। इनमें ज्यादातर जेनेरिक दवाएं हैं। कंपनी के उत्पाद 9 से ज्यादा देशों में बिकते हैं। यूक्रेन के अलावा उज्बेकिस्तान, कजाकिस्तान और फिलीपींस उसके प्रमुख बाजार हैं। कंपनी खुद को भारतीय जड़ों वाली यूक्रेनी कंपनी बताती है। रूस-यूक्रेन युद्ध शुरू होने के बाद भी सूमी की फैक्ट्री काम करती रही थी। अब ड्रोन हमले में इसे भारी नुकसान पहुंचा है। यूक्रेन पर रूस के ड्रोन हमले लगातार बढ़ रहे रिपोर्ट के मुताबिक, गर्मियों से रूस यूक्रेन में रोजाना बड़ी संख्या में शहीद ड्रोन भेज रहा है। ये ड्रोन जेट इंजन से चलते हैं और अपेक्षाकृत कम कीमत के हैं। यूक्रेन की एयर डिफेंस टीमों को इन्हें रोकने में मुश्किल हो रही है, क्योंकि इंटरसेप्टर ड्रोन इनसे धीमे हैं। इसी बीच यूक्रेन ने इस सप्ताह अपनी घरेलू बैलिस्टिक मिसाइल FP-7 का पहली बार युद्ध में इस्तेमाल करने का भी ऐलान किया है। इसकी मारक क्षमता करीब 250 किलोमीटर बताई गई है।
Source link
यूक्रेन में भारतीय कारोबारी की फार्मा फैक्ट्री पर हमला:1 की मौत, रूस ने ड्रोन से निशाना बनाया; 400 करोड़ का नुकसान