लखनऊ गायत्री शक्तिपीठ में गायत्री जयंती:अग्नि दुर्घटना मृतकों को श्रद्धांजलि, वैदिक संस्कार और यज्ञ संपन्न


राजधानी लखनऊ के गायत्री शक्तिपीठ, कुर्सी रोड में बुधवार को गायत्री जयंती का पावन पर्व श्रद्धा और उत्साह के साथ मनाया गया। इस अवसर पर अलीगंज के एनीमेशन सेंटर में हुई अग्नि दुर्घटना में जान गंवाने वाले छात्र-छात्राओं को विशेष श्रद्धांजलि दी गई। श्रद्धालुओं ने दो मिनट का मौन रखकर दिवंगत आत्माओं को याद किया। कार्यक्रम की शुरुआत पांच कुण्डीय यज्ञ से हुई, जिसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने आहुति दी। उन्होंने परिवार, समाज और राष्ट्र की सुख-समृद्धि की कामना की। इस दौरान यज्ञोपवीत, दीक्षा, मुंडन और विद्यारंभ जैसे कई वैदिक संस्कार भी संपन्न कराए गए, जिनमें बच्चों से लेकर युवाओं और परिवारों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। यज्ञ से पर्यावरण शुद्ध होता है गायत्री परिवार के कार्यकर्ताओं ने श्रद्धालुओं को इन संस्कारों का महत्व बताया। उन्होंने कहा कि ऐसे आयोजन भारतीय संस्कृति की जड़ों को मजबूत बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। कार्यक्रम के दौरान अनुशासित व्यवस्था और सामूहिक सहभागिता विशेष आकर्षण का केंद्र रही। आयोजक काशी प्रसाद ने बताया कि गायत्री जयंती केवल एक धार्मिक पर्व नहीं है, बल्कि यह आत्मशुद्धि, संस्कार निर्माण और समाज में सकारात्मक चेतना जगाने का अवसर है। उन्होंने कहा कि यज्ञ से पर्यावरण शुद्ध होता है और मनुष्य के भीतर सद्भाव, संयम तथा सेवा की भावना विकसित होती है। इसी उद्देश्य से यह आयोजन प्रतिवर्ष श्रद्धापूर्वक किया जाता है। पर्यावरण संरक्षण और मानव सेवा का संकल्प लिया कार्यक्रम के अंत में सभी श्रद्धालुओं ने समाज में नैतिक मूल्यों को बढ़ावा देने, नशामुक्ति, पर्यावरण संरक्षण और मानव सेवा का संकल्प लिया। इसके बाद प्रसाद वितरण किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में लोगों ने भाग लिया। यह आयोजन भक्ति, अनुशासन और सामाजिक जागरूकता का सुंदर संगम रहा।

Source link

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *