![]()
उन्नाव में गंगा नदी का जलस्तर पिछले 24 घंटों में 22 सेंटीमीटर कम हुआ है। हालांकि, तटीय मोहल्लों में बाढ़ का पानी अब भी भरा हुआ है, जिससे स्थानीय लोगों की मुश्किलें बरकरार हैं। आवागमन प्रभावित है और निचले इलाकों में रहने वाले परिवारों को सबसे अधिक परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। केंद्रीय जल आयोग के अनुसार, मंगलवार सुबह गंगा का जलस्तर 112.250 मीटर दर्ज किया गया। यह पिछले 24 घंटे में 22 सेंटीमीटर की गिरावट दर्शाता है। इससे पहले गुरुवार शाम को जलस्तर 112.820 मीटर था, जो शुक्रवार सुबह बढ़कर 112.860 मीटर तक पहुंच गया था। रविवार को यह 112.680 मीटर और सोमवार को 112.470 मीटर था। वर्तमान में, गंगा का जलस्तर चेतावनी बिंदु से 25 सेंटीमीटर ऊपर बना हुआ है। जलस्तर घटने के बावजूद, तटीय इलाकों में जमा पानी निकलने में समय लग रहा है, जिससे स्थिति सामान्य होने में देरी हो रही है। नगर के कई तटीय मोहल्ले जैसे गोताखोर, कर्बला, हुसैन नगर, मोहम्मद नगर, शाही नगर, सैयद कंपाउंड, श्रीनगर, मालवीय नगर, प्रेमनगर, इंद्रानगर, रविदास नगर और मनोहर नगर अभी भी बाढ़ से प्रभावित हैं। इन इलाकों की गलियों और घरों के आसपास पानी जमा होने से पैदल चलना भी मुश्किल हो गया है। जलभराव के कारण बच्चों, बुजुर्गों और महिलाओं को विशेष रूप से परेशानी हो रही है। दैनिक जरूरतों का सामान लेने, दवा खरीदने या अन्य आवश्यक कार्यों के लिए लोगों को पानी के बीच से होकर गुजरना पड़ रहा है। प्रशासन ने बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में राहत और बचाव कार्यों के लिए एक दर्जन से अधिक नावें तैनात की हैं। इन नावों के माध्यम से लोगों को आवागमन की सुविधा प्रदान की जा रही है, जिससे उन्हें कुछ हद तक राहत मिल रही है। प्रभावित लोगों को सुरक्षित स्थानों तक पहुंचाने के साथ ही जरूरतमंदों की मदद की जा रही है। प्रशासनिक टीमें भी प्रभावित इलाकों में सक्रिय हैं और जलस्तर की स्थिति पर नजर रख रही हैं। अधिकारियों ने लोगों को गंगा के आसपास जाने से बचने और जलस्तर में होने वाले बदलाव पर नजर रखने की सलाह दी है। स्थानीय लोगों का कहना है कि जलस्तर घटने से राहत मिली है, लेकिन बाढ़ का पानी अभी पूरी तरह नहीं निकला है। ऐसे में जनजीवन सामान्य होने में कुछ और समय लग सकता है। लोगों को आशंका है कि पश्चिमी बांधों से दोबारा अधिक पानी छोड़े जाने या जलस्तर बढ़ने पर स्थिति फिर बिगड़ सकती है। इसलिए तटीय इलाकों के लोग लगातार गंगा के जलस्तर पर नजर बनाए हुए हैं। तटीय मोहल्लों में अब भी भरा पानी गंगा का जलस्तर बढ़ने के कारण नगर के कई तटीय मोहल्लों में पानी प्रवेश कर गया था। गोताखोर, कर्बला, हुसैन नगर, मोहम्मद नगर, शाही नगर, सैयद कंपाउंड, श्रीनगर, मालवीय नगर, प्रेमनगर, इंद्रानगर, रविदास नगर और मनोहर नगर में कई स्थानों पर अब भी जलभराव है। गलियों में पानी भरा होने से लोगों को पैदल निकलने में परेशानी हो रही है। निचले इलाकों के परिवार सबसे ज्यादा प्रभावित हैं। प्रशासन नावों के जरिए लोगों की मदद कर रहा है।
Source link
गंगा का जलस्तर चेतावनी बिंदु से ऊपर:उन्नाव के कई इलाकों में आवागमन बाधित, तटीय मोहल्लों में बाढ़ का असर जारी