उन्नाव में पांचवें बड़े मंगल पर विशेष आयोजन:शहर में जगह-जगह हुए भंडारे, सुंदरकांड पाठ से भक्तिमय बना माहौल


उन्नाव। ज्येष्ठ माह के पांचवें बड़े मंगल पर मंगलवार को उन्नाव शहर और शुक्लागंज में भक्तिमय माहौल रहा। श्रद्धालुओं ने भगवान हनुमान की विशेष पूजा-अर्चना की, सुंदरकांड पाठ आयोजित किए गए और जगह-जगह भंडारे व शरबत का वितरण किया गया। सुबह से देर शाम तक मंदिरों और धार्मिक स्थलों पर भक्तों की भीड़ उमड़ी रही। बड़े मंगल के अवसर पर शहर के प्रमुख हनुमान मंदिरों में भारी भीड़ देखी गई। भक्तों ने विधि-विधान से पूजा-अर्चना कर परिवार की सुख-समृद्धि और उत्तम स्वास्थ्य की कामना की। मंदिर परिसर ‘जय श्रीराम’ और ‘जय बजरंगबली’ के जयकारों से गूंजते रहे। कई स्थानों पर सामूहिक हनुमान चालीसा और सुंदरकांड पाठ का भी आयोजन किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने भाग लिया।
शुक्लागंज सहित उन्नाव शहर के विभिन्न मोहल्लों, चौराहों और बाजारों में भंडारों का आयोजन किया गया। इन भंडारों में श्रद्धालुओं और राहगीरों को सब्जी-पूरी, हलवा, बूंदी, प्रसाद और शरबत वितरित किया गया। भीषण गर्मी के बीच लगाए गए शरबत शिविर लोगों के लिए विशेष आकर्षण का केंद्र रहे, जहां राहगीरों ने ठंडे पेय पदार्थों का सेवन कर राहत पाई। इन धार्मिक आयोजनों में सामाजिक संगठनों, व्यापारिक प्रतिष्ठानों और स्थानीय युवाओं ने बढ़-चढ़कर सहयोग किया। कई स्थानों पर स्वयंसेवक प्रसाद वितरण, पेयजल व्यवस्था और श्रद्धालुओं के मार्गदर्शन में सक्रिय रहे। आयोजकों ने श्रद्धालुओं की सुविधा और सुरक्षा के लिए विशेष इंतजाम किए थे, जिससे सभी कार्यक्रम पूरे दिन शांतिपूर्ण और व्यवस्थित ढंग से संपन्न हुए। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, ज्येष्ठ माह के प्रत्येक मंगलवार को बड़ा मंगल कहा जाता है। ऐसा माना जाता है कि इस दिन भगवान हनुमान की विशेष पूजा करने, सुंदरकांड का पाठ करने और भंडारा आयोजित करने से जीवन के कष्ट दूर होते हैं तथा भक्तों की मनोकामनाएं पूर्ण होती हैं। इसी आस्था और विश्वास के कारण हर वर्ष बड़ी संख्या में श्रद्धालु इन धार्मिक आयोजनों में भाग लेते हैं। पूरे दिन चले इन धार्मिक कार्यक्रमों के कारण उन्नाव और शुक्लागंज में भक्ति और सेवा का अनूठा संगम देखने को मिला। मंदिरों में उमड़ी श्रद्धालुओं की भीड़ और जगह-जगह लगे भंडारों ने इस दिन को और भी विशेष बना दिया।

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