बहजोई डाकघर में 2 लाख की धोखाधड़ी का आरोप:एफडी के नाम पर लिपिक पर ठगी का आरोप, जांच शुरू


संभल जिले के बहजोई डाकघर में 2 लाख रुपये की धोखाधड़ी का मामला सामने आया है। एक उपभोक्ता के खाते से कथित तौर पर यह राशि गायब हो गई है। पीड़ित की शिकायत के बाद डाकघर के एक लिपिक के खिलाफ जांच शुरू कर दी गई है। यह घटना संभल जनपद की चंदौसी तहसील के बहजोई कस्बे स्थित डाकघर से संबंधित है। मोहल्ला नरायन टोला निवासी राजीव कुमार और नीरज ने डाकघर में लिपिक के पद पर कार्यरत दीपक कुमार के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई है, जिसके बाद जांच शुरू हुई। राजीव कुमार के अनुसार, लिपिक दीपक कुमार ने उन्हें बताया था कि उनका निवेश पूरा हो चुका है। दीपक ने उन्हें 2 लाख रुपए की दो ईएमआई बढ़ाकर अधिक ब्याज और पैसे की सुरक्षा का प्रस्ताव दिया। राजीव कुमार ने इस प्रस्ताव को स्वीकार कर लिया था। शुरुआत में राजीव कुमार को एक पासबुक दी गई थी। हालांकि, बाद में ‘लैपटॉप खराब होने’ या ‘अधिकारी उपलब्ध न होने’ जैसे बहाने बनाकर उन्हें कई बार गुमराह किया गया। लगभग दो महीने के दबाव के बाद उन्हें दूसरी पासबुक मिली। राजीव कुमार को तीन-चार दिन पहले इस धोखाधड़ी का पता चला। उन्होंने तत्काल डाकघर पहुंचकर कर्मचारियों से संपर्क किया, जिन्होंने उन्हें बताया कि उनकी एक पासबुक सही है, जबकि दूसरी फर्जी है। इस खुलासे के बाद, राजीव कुमार ने दीपक कुमार से संपर्क किया और चंदौसी के डाक निरीक्षक के समक्ष अपना बयान दर्ज कराया। उन्होंने एक प्रार्थना पत्र पर हस्ताक्षर किए, जिसमें उन्हें सूचित किया गया कि मूल पासबुक अदालत में जमा करनी होगी और बहजोई से 2 लाख रुपये की रसीद प्राप्त होगी। दूसरे पीड़ित नीरज ने भी लिपिक दीपक कुमार पर धोखाधड़ी का आरोप लगाया है और इस मामले में कार्रवाई के लिए मंत्री से मिलने की बात कही है। उल्लेखनीय है कि कुछ समय पहले पुलिस ने इसी लिपिक के खाते में 4.50 करोड़ रुपये के लेनदेन के संबंध में एक एफआईआर भी दर्ज की थी। आपको बता दें कि बहजोई डाक विभाग में कार्यरत डाक सहायक दीपक कुमार के खातों में लगभग 4.5 करोड़ रुपये के अनधिकृत लेन-देन की जानकारी वित्त मंत्रालय ने दी थी। प्रारंभिक जांच में संतोषजनक जवाब न मिलने पर बहजोई पुलिस ने भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम 1988 की धारा 13 (1) (बी) के तहत मामला दर्ज किया है। जांच में सामने आया कि दीपक कुमार वर्ष 2011 में डाक विभाग में भर्ती हुए थे। वह 14 मार्च 2026 से संभल मुख्य डाकघर में डाक सहायक के पद पर कार्यरत हैं, हालांकि उनकी मुख्य तैनाती बहजोई डाकघर में है।संदिग्ध लेनदेन रिपोर्ट के अनुसार दीपक कुमार के पंजाब नेशनल बैंक खाते में 1 जनवरी से 6 मार्च 2026 के बीच कुल 4,52,97,803 रुपये जमा हुए, इसी अवधि में 4,52,95,715 रुपये निकाले भी गए।

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